Bihar News: इमरजेंसी में किसी की जान बचाने के लिए एक-एक मिनट बहुमूल्य होता है। ऐसे बहुमूल्य समय में सही निर्णय लेते हुए जीवन बचाना एक बड़ी दक्षता है। शुक्रवार को एम्स पटना ने एमिटी विश्वविद्यालय, पटना में छात्रों और शिक्षकों के लिए बेसिक लाइफ सपोर्ट पर विशेष जागरूकता एवं व्यावहारिक प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया। इस कार्यक्रम का संचालन आपातकालीन चिकित्सा विभाग के विभागाध्यक्ष डॉ. दिवेंदु भूषण द्वारा किया गया। यह कार्यक्रम संस्थान के कार्यकारी निदेशक प्रो. ब्रिगेडियर डॉ. राजू अग्रवाल तथा चिकित्सा अधीक्षक डॉ. अनूप कुमार के मार्गदर्शन में सफलतापूर्वक संपन्न हुआ।
जनहितकारी पहल
कार्यक्रम का उद्घाटन एमिटी विश्वविद्यालय के कुलपति डॉ. विवेकानंद पांडेय ने किया। उन्होंने कहा कि यदि युवा वर्ग को समय रहते बेसिक लाइफ सपोर्ट की जानकारी मिल जाए तो सड़क दुर्घटनाओं, हृदयाघात और अन्य आपात स्थितियों में कई अनमोल जानें बचाई जा सकती हैं। उन्होंने इस जनहितकारी पहल के लिए एम्स पटना की प्रशंसा की। कार्यक्रम के दौरान एमिटी विश्वविद्यालय के छात्रों को बेसिक लाइफ सपोर्ट की बुनियादी लेकिन अत्यंत महत्वपूर्ण जानकारी दी गई। जिसमें बेहोशी, सांस रुकने और अचानक तबीयत बिगड़ने जैसी स्थितियों में तुरंत सहायता के तरीकों पर विशेष ध्यान दिया गया।
हैंड्स-ऑन ट्रेनिंग
प्रशिक्षण को प्रभावी बनाने के लिए छात्रों और शिक्षकों ने हैंड्स-ऑन अभ्यास के माध्यम से जीवन रक्षक तकनीकों को स्वयं करके सीखा। कार्यक्रम में शिक्षकों और छात्रों की बड़ी संख्या में भागीदारी रही। उपस्थित विद्यार्थियों ने इसे ज्ञानवर्धक और आत्मविश्वास बढ़ाने वाला अनुभव बताया। एम्स पटना का यह प्रयास समाज को आपात परिस्थितियों में सक्षम नागरिक बनाने की दिशा में एक सार्थक कदम है। संस्थान भविष्य में भी ऐसे जागरूकता कार्यक्रमों के माध्यम से जनस्वास्थ्य सेवा के प्रति अपनी प्रतिबद्धता को मजबूत करता रहेगा।
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