Jantar Mantar Vivad: दिल्ली के जंतर-मंतर से जुड़े विवाद के बाद चर्चा में आए स्वतंत्र भारद्वाज के समर्थन में अब उनके पैतृक गांव ओझौल (जो बहादुरपुर थाना इलाके में आता है) से भी आवाज़ें उठ रही हैं। उनके परिवार के सदस्यों और ग्रामीणों दोनों में ही स्वतंत्र के प्रति अपनापन और समर्थन की भावना साफ़ दिखाई देती है।
Jantar Mantar Vivad: स्वतंत्र भारद्वाज के समर्थन में आया पैतृक गांव
स्वतंत्र भारद्वाज के परिवार वालों ने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की है। उनका कहना है कि अगर दोनों पक्षों की भूमिका सामने आती है, तो जांच दोनों पक्षों के खिलाफ समान और निष्पक्ष रूप से होनी चाहिए। परिजनों ने स्वतंत्र के खिलाफ दर्ज पॉक्सो और एससी-एसटी एक्ट समेत अन्य धाराओं को लेकर भी सवाल उठाए हैं और मामले की सच्चाई सामने लाने की मांग की है।
परिवार ने उन लोगों का भी आभार जताया जिन्होंने दिल्ली में स्वतंत्र के समर्थन में विरोध प्रदर्शन किया। परिवार के सदस्यों का कहना है कि इस मुश्किल समय में लोगों ने जिस तरह स्वतंत्र के समर्थन में आवाज़ उठाई, वह उनके लिए बहुत मायने रखता है।
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स्वतंत्र भारद्वाज के समर्थन में उठी आवाज
इस बीच, ओझौल के ग्रामीणों ने भी स्वतंत्र के साथ अपने पुराने जुड़ाव को याद किया। उनका कहना है कि गांव के साथ उनका लंबे समय से नाता रहा है और ग्रामीण आज भी उनके प्रति स्नेह और अपनापन महसूस करते हैं। चल रहे विवाद के बीच, ग्रामीण पूरे मामले की सच्चाई सामने आने का इंतज़ार कर रहे हैं।
परिवार के सदस्यों ने न्यायपालिका में पूरा भरोसा जताया है। उनका कहना है कि उन्हें उम्मीद है कि निष्पक्ष जांच से पूरे मामले की सच्चाई सामने आएगी और कानून के सामने सच स्पष्ट हो जाएगा। फिलहाल, दिल्ली के जंतर-मंतर पर हुए विवाद के बाद स्वतंत्र भारद्वाज से जुड़ा मामला चर्चा में है और उनके पैतृक गांव ओझौल से भी उनके समर्थन में आवाज़ें उठ रही हैं। इस मामले की पूरी तस्वीर जांच और न्यायिक कार्यवाही के बाद ही साफ हो पाएगी।
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