Darbhanga News: अलीनगर ब्लॉक एरिया के मोतीपुर पंचायत के अंटोर गांव के वार्ड नंबर 11 में बुधवार दोपहर करीब 1:00 बजे भीषण आग लग गई, जिससे जुगेश्वर सहनी का घर पूरी तरह जलकर खाक हो गया। आग में चार कमरे पूरी तरह जलकर खाक हो गए और लाखों रुपये का सामान जलकर खाक हो गया।
जानकारी के मुताबिक, जुगेश्वर सहनी कई सालों से बंगाल में माखन फोड़ (मजदूरी) का काम कर रहे थे और अपनी मेहनत की कमाई बेटी की शादी के लिए बचाकर रखे थे। घर में करीब 15 लाख रुपये कैश, करीब आठ तोला सोना-चांदी, जमीन के जरूरी कागज और सारा अनाज सुरक्षित रखा था। आग में सारा कैश, जेवर, कागज और अनाज जलकर खाक हो गया।
बताया जा रहा है कि जुगेश्वर सहनी के सात बेटे हैं, जिनमें से चार की शादी हो चुकी है। परिवार बड़ा होने की वजह से घर में काफी सामान रखा था। उनकी पत्नी के कपड़े, बर्तन, फर्नीचर और घर का दूसरा सामान भी आग में जलकर खाक हो गया। इस घटना से पूरा परिवार सदमे में है और गांव में मातम का माहौल है।
स्थानीय लोगों ने बताया कि भीषण आग लगने की सूचना तुरंत फायर ब्रिगेड को दी गई थी, लेकिन फायर ब्रिगेड के आने में देरी हुई। जब तक फायर ब्रिगेड नहीं पहुंची, गांव वालों ने पानी और दूसरे साधनों से खुद ही आग पर काबू पाने की कोशिश की। काफी मशक्कत के बाद आग बुझाई गई। आग बुझने के बाद फायर ब्रिगेड मौके पर पहुंची, जिससे लोगों में गुस्सा फैल गया।
गांव वालों का कहना है कि अगर फायर ब्रिगेड समय पर पहुंच जाती, तो शायद इतना नुकसान नहीं होता। इस घटना ने एक बार फिर यह सवाल खड़ा कर दिया है कि अलीनगर ब्लॉक में परमानेंट फायर ब्रिगेड कब बनेगी। आग लगने की घटनाएं अक्सर होती रहती हैं, लेकिन साधनों की कमी के कारण लोगों को काफी नुकसान होता है।
घटना की सूचना मिलते ही जोनल ऑफिसर कुमार शिवम मौके पर पहुंचे और स्थिति का जायजा लिया। उन्होंने प्रभावित परिवार को सांत्वना दी और भरोसा दिलाया कि सरकार हर मुमकिन मदद करेगी। उन्होंने संबंधित कर्मचारियों को नुकसान का आकलन कर तुरंत रिपोर्ट देने का निर्देश दिया।
यह भी पढ़ें: भोजपुरी फिल्म ‘पिया का घर’ का शुभारंभ, काजल राघवानी निभाएंगी मुख्य भूमिका
इस दिल दहला देने वाली घटना ने न सिर्फ़ एक परिवार की सालों की मेहनत पर पानी फेर दिया, बल्कि लोकल एडमिनिस्ट्रेटिव सिस्टम पर भी कई सवाल खड़े कर दिए। गांववालों ने मांग की कि प्रभावित परिवार को तुरंत पैसे की मदद, राहत का सामान और रहने की जगह दी जाए, और अलीनगर में एक परमानेंट फायर ब्रिगेड बनाई जाए ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं पर समय पर कार्रवाई हो सके।
यह भी पढ़ें: रोटरी क्लब ऑफ पटना का हेल्थ अवेयरनेस अभियान, 15 फरवरी को लगेगा कैंप















