Bihar News: पूरे देश में बिहार बुद्ध सर्किट के तौर पर एक विशेष पर्यटन परिक्षेत्र है। इस बात को ध्यान में रखते हुए राज्य सरकार का पर्यटन विभाग लगातार कार्य कर रहा है। इसी क्रम में आज बुद्ध सर्किट के समग्र विकास को लेकर पर्यटन सचिव निलेश रामचंद्र देवरे ने मुख्य सचिवालय स्थित पर्यटन विभाग कार्यालय में एशियन डेवलपमेंट बैंक के प्रतिनिधियों के साथ एक महत्वपूर्ण बैठक की।
बैठक में पर्यटन निदेशक सह विशेष सचिव उदयन मिश्रा और संबंधित विभागीय पदाधिकारीगण उपस्थित थे। पर्यटन सचिव ने अपने संबोधन में कहा कि राजगीर, नालंदा, गयाजी और बोधगया के समग्र पर्यटकीय विकास हेतु सरकार निरंतर कार्य कर रही है। केंद्रीय बजट की घोषणा के अनुरुप वहां के विकास को लेकर कंसल्टेंट द्वारा योजना बना ली गयी है, जिसे अंतिम रूप दिया जा रहा है।
पर्यटकों के लिए बेहतर बाजार
कंसल्टेंट द्वारा तैयार योजना का उद्देश्य है गया-बोधगया और राजगीर-नालंदा आने वाले पर्यटक ज्यादा से ज्यादा समय इन स्थानों पर व्यतीत करें। ताकि स्थानीय अर्थव्यवस्था को मजबूती मिल सके। इसके निरंतर विस्तार के लिए वहां ज्यादा हैपनिंग सेंटर्स, आर्ट एवं क्राफ्ट विलेज, हाउसिंग प्रोजेक्ट्स और जीआई टैग के उत्पादों के लिए बेहतर बाजार का निर्माण किया जाए।
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गया और बोधगया के मध्य ग्रीनलैंड में पर्यटकीय संरचना बनाने को लेकर कार्ययोजना बनायी जा रही है। वन स्टेट वन टूरिस्ट डेस्टिनेशन को लेकर भी पर्यटन विभाग कार्ययोजना पर सक्रिय है। बैठक में एडीबी के प्रतिनिधियों ने बताया कि बौद्ध सर्किट के पर्यटन विकास की असीम संभावनाएं हैं, इस हेतु अध्ययन किया जा चुका है, व्यवहारिक अध्ययन की रिपोर्ट भी आ चुकी है।












