Bihar Jharkhand Weather Update: बिहार और झारखंड में मॉनसून पूरी तरह सक्रिय हो गया है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने बिहार के 24 ज़िलों के लिए येलो अलर्ट जारी किया है। विभाग के अनुसार, इन ज़िलों में 50 किमी/घंटा की रफ़्तार से तेज़ हवाएँ चल सकती हैं। इसके अलावा, आंधी-तूफ़ान, बिजली गिरने और मध्यम से भारी बारिश की भी संभावना है। विभाग ने लोगों से खराब मौसम के दौरान सतर्क रहने और बिना ज़रूरत के घर से बाहर न निकलने की अपील की है।
Bihar Jharkhand Weather Update: बिहार के 24 जिलों में तेज बारिश
मौसम विभाग के मुताबिक, पूर्वी चंपारण, पश्चिमी चंपारण, सीतामढी, शिवहर, मधुबनी, सुपौल, अररिया, किशनगंज, गोपालगंज, सीवान, सारण, वैशाली, समस्तीपुर, दरभंगा, मुजफ्फरपुर, सहरसा, मधेपुरा, पूर्णिया, कटिहार, खगड़िया, भागलपुर, मुंगेर, बांका और जमुई जिले सबसे ज्यादा प्रभावित होने की संभावना है. किसानों को बिजली गिरने के दौरान खुले खेतों में काम करने से बचने और सुरक्षित स्थान पर रहने की विशेष सलाह दी गई है।
मौसम विभाग ने 10 जुलाई तक बिहार में रुक-रुक कर बारिश होने का अनुमान लगाया है। उत्तर-पूर्वी बिहार के कुछ जिलों में भारी से बहुत भारी बारिश की भी संभावना है। पिछले 24 घंटों में गया में सबसे ज़्यादा 54.2 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई, जबकि कटिहार, मधुबनी, पटना, सासाराम, बेतिया और औरंगाबाद समेत कई जिलों में आंधी-तूफान के साथ बारिश हुई। लगातार बारिश के कारण ज़्यादातर जिलों में अधिकतम तापमान में एक से चार डिग्री सेल्सियस की गिरावट आई है, जिससे लोगों को भीषण गर्मी और उमस से राहत मिली है।
झारखंड में 11 जुलाई तक मानसून का असर
इस बीच, झारखंड में मॉनसून का असर बना हुआ है। राजधानी रांची समेत राज्य के लगभग सभी जिलों में रुक-रुक कर बारिश हो रही है। रांची स्थित मौसम केंद्र ने 9 जुलाई की सुबह तक पूरे राज्य में हल्की से मध्यम बारिश का अनुमान जताया है। रांची, बोकारो, धनबाद, देवघर, दुमका, गिरिडीह, हजारीबाग, रामगढ़, पलामू, गढ़वा, लोहरदगा, गुमला, खूंटी, पूर्वी सिंहभूम, पश्चिमी सिंहभूम और सरायकेला-खरसावां समेत सभी जिलों में बारिश, आंधी और तेज हवाएं चलने की संभावना है।
मौसम विभाग के अनुसार, झारखंड के ज़्यादातर हिस्सों में 11 जुलाई तक बारिश जारी रहने की संभावना है। इस दौरान 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ़्तार से तेज़ हवाएँ चलने की आशंका है और कई इलाकों में बिजली गिरने का भी खतरा बना हुआ है। विभाग ने लोगों को सलाह दी है कि बारिश के समय पेड़ों के नीचे खड़े होने से बचें, जलभराव वाले इलाकों से दूर रहें और बिजली कड़कने पर किसी सुरक्षित जगह पर शरण लें। किसानों से भी कहा गया है कि वे मौसम की स्थिति को ध्यान में रखकर ही अपनी खेती-बाड़ी से जुड़ी गतिविधियाँ करें।
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