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JSSC CGL Scam: JSSC के वकील संजय पिपरवाल को CID का नोटिस

JSSC CGL परीक्षा में कथित अनियमितताओं की जांच कर रही CID की स्पेशल इन्वेस्टिगेशन टीम (SIT) ने झारखंड कर्मचारी चयन आयोग (JSSC) के वकील संजय पिपरवाल को पूछताछ के लिए पेश होने का नोटिस जारी किया है।

JSSC CGL Scam: JSSC के वकील संजय पिपरवाल को CID का नोटिस
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JSSC CGL Scam: झारखंड में प्रतियोगी परीक्षाओं से जुड़ी कथित अनियमितताओं और धोखाधड़ी के मामलों की जांच और कानूनी कार्यवाही चल रही है। JSSC CGL परीक्षा में कथित अनियमितताओं की जांच कर रही CID की स्पेशल इन्वेस्टिगेशन टीम (SIT) ने झारखंड कर्मचारी चयन आयोग (JSSC) के वकील संजय पिपरवाल को पूछताछ के लिए पेश होने का नोटिस जारी किया है।

JSSC CGL Scam: आयोग के अधिवक्ता को SIT का नोटिस

इस बीच, JSSC CGL भर्ती परीक्षा धोखाधड़ी मामले में मुख्य आरोपी माने जा रहे अभय तिवारी की पत्नी सुषमा कुमारी और भाई अक्षय तिवारी की ज़मानत याचिकाओं पर सुनवाई पूरी होने के बाद अदालत ने अपना फ़ैसला सुरक्षित रख लिया है।

रिपोर्ट्स के मुताबिक, SIT वकील संजय पिपरवाल से परीक्षा से जुड़े कानूनी दस्तावेज़ों, कोर्ट में कमीशन के रुख और विवाद के दौरान लिए गए प्रशासनिक फैसलों के बारे में जानकारी ले सकती है। जांच टीम परीक्षा प्रक्रिया के दौरान कमीशन, परीक्षा एजेंसी और दूसरे संबंधित पक्षों के बीच हुई बातचीत और किन स्तरों पर फैसले लिए गए, इसकी भी जांच कर रही है। SIT ने इस मामले के सिलसिले में पहले भी कई अधिकारियों और अन्य संबंधित लोगों से पूछताछ की है। वकील को जारी किया गया नोटिस, चल रही जांच प्रक्रिया का हिस्सा बताया जा रहा है।

इस बीच, JSSC CGL भर्ती परीक्षा में धोखाधड़ी के मामले में सुषमा कुमारी और अक्षय तिवारी की ज़मानत याचिकाओं पर मंगलवार को अपर न्यायायुक्त योगेश कुमार की अदालत में सुनवाई हुई। दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद अदालत ने अपना आदेश सुरक्षित रख लिया। CID ने दोनों आरोपियों को 18 अगस्त को गिरफ़्तार किया था और इसके बाद 28 अगस्त को उनकी ओर से ज़मानत याचिकाएँ दायर की गईं। CID ने रिमांड पर कस्टडी के दौरान दोनों आरोपियों से पूछताछ भी की है।

JPSC की पूर्व अधिकारी की जमानत खारिज

इस बीच, JPSC परीक्षा में गड़बड़ी के मामले की आरोपी और आयोग की पूर्व उप परीक्षा नियंत्रक श्वेता कुमारी गुप्ता को कोर्ट से कोई राहत नहीं मिली। मंगलवार को अपर न्यायायुक्त योगेश कुमार की अदालत ने उनकी ज़मानत अर्ज़ी खारिज कर दी। CID ने इस मामले में उन्हें 22 जुलाई को गिरफ़्तार किया था।

खबर है कि JPSC परीक्षा में गड़बड़ी के मामले में अब तक करीब दो दर्जन लोगों को गिरफ़्तार किया गया है, जिनमें JPSC के पूर्व चेयरमैन एल. खियांगटे भी शामिल हैं। इसके चलते, उम्मीदवार जांच एजेंसियों की कार्रवाई और प्रतियोगी परीक्षाओं से जुड़े इन मामलों में चल रही अदालती कार्यवाही पर बारीकी से नज़र रखे हुए हैं।

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