Home बिहार झारखंड देश-विदेश मनोरंजन खेल क्राइम शिक्षा राजनीति हेल्थ राशिफल
---Advertisement---
Advertisement
Ad
---Advertisement---
Advertisement
Ad

Darbhanga News: आंधी में ढही 14 लाख की कब्रिस्तान दीवार, जांच की मांग तेज

Darbhanga News: आंधी में ढही 14 लाख की कब्रिस्तान दीवार, जांच की मांग तेज
---Advertisement---

Darbhanga News: बिहार के दरभंगा जिले के जाले प्रखंड अंतर्गत कुमरौली गांव में कब्रिस्तान की चहारदीवारी गिरने से विवाद गहरा गया है. ग्रामीणों ने निर्माण कार्य में भ्रष्टाचार और घटिया सामग्री के इस्तेमाल का आरोप लगाया है। पंचायत समिति प्रमुख फूल बैठा ने सभी आरोपों को राजनीति से प्रेरित और बेबुनियाद बताया है।

दरभंगा में कब्रिस्तान निर्माण को लेकर विवाद

जानकारी के अनुसार राढ़ी पूर्वी पंचायत स्थित चक्का कब्रिस्तान के पूर्वी, पश्चिमी व दक्षिणी भाग में करीब 14 लाख रुपये की लागत से चहारदीवारी का निर्माण कराया गया था. यह निर्माण छठे वित्त आयोग की योजना के तहत पंचायत समिति द्वारा कराया गया था. लेकिन हाल ही में आए तेज तूफान के दौरान दीवार का एक हिस्सा ढह गया.

ग्रामीणों का आरोप है कि नवनिर्मित चहारदीवारी मामूली तूफान भी नहीं झेल सकी, जिससे निर्माण कार्य की गुणवत्ता पर सवाल उठ रहे हैं. लोगों का कहना है कि निर्माण में घटिया सामग्री का इस्तेमाल किया गया और तकनीकी मानकों की अनदेखी की गयी. ग्रामीणों ने इसे बड़े पैमाने पर वित्तीय अनियमितता और कमीशनखोरी का मामला बताया है.

इस मामले को लेकर स्थानीय लोगों ने अधिकारियों को ऑनलाइन आवेदन भेजकर उच्चस्तरीय जांच की मांग की है. आवेदन में निर्माण कार्य की गुणवत्ता, प्रयुक्त सामग्री व प्राक्कलित राशि की जांच के लिए तकनीकी टीम गठित करने की मांग की गयी है. साथ ही दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की भी मांग की गई है.

Darbhanga News: पंचायत योजना पर उठे सवाल

इस मामले में माले राज्य कमेटी सदस्य नैयाज अहमद ने भी आरोप लगाये हैं. उन्होंने कहा कि कब्रिस्तान की बाउंड्री का कुछ हिस्सा सबसे पहले विधायक विजय मिश्र के समय में बनाया गया था, जबकि आगे का काम पंचायत समिति प्रमुख की योजना के अनुसार किया जा रहा था. उन्होंने कहा कि अगर निर्माण कार्य गुणवत्तापूर्ण होता तो तेज आंधी में दीवार नहीं गिरती. उन्होंने पूरे मामले की जांच की मांग की.

हालांकि, गांव के कुछ लोगों का कहना है कि जो दीवार गिरी, वह पंचायत योजना का हिस्सा नहीं थी, बल्कि ग्रामीणों द्वारा निजी चंदे से बनाई जा रही थी. उनका दावा है कि पंचायत समिति द्वारा कराया गया निर्माण का हिस्सा पूरी तरह सुरक्षित है. ग्रामीणों के मुताबिक चुनाव नजदीक आने के कारण कुछ लोग इस मामले को राजनीतिक रंग देने की कोशिश कर रहे हैं.

इस बीच, पंचायत समिति प्रमुख फूल बैठा ने सभी आरोपों को खारिज कर दिया है. उन्होंने कहा कि पंचायत समिति द्वारा कराया गया निर्माण पूर्णतया सुरक्षित एवं अच्छी स्थिति में है। जो दीवार गिरी वह निजी धन से बनाई जा रही थी। उन्होंने आरोप लगाया कि कुछ लोग वायरल वीडियो के जरिए राजनीति चमकाने की कोशिश कर रहे हैं. अब इस पूरे मामले की प्रशासनिक जांच की मांग तेज हो गई है और लोगों की निगाहें जिला प्रशासन की कार्रवाई पर टिकी हैं.

यह भी पढ़ें: Rashifal 26 May 2026: जानें किस राशि को मिलेगा लाभ और किसे रहना होगा सावधान

यह भी पढ़ें: Adinivaas Digital App: मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने लॉन्च किया ‘Adinivaas’ ऐप

Join WhatsApp

Join Now

Join Telegram

Join Now

Leave a Comment