Ritu Jaiswal BJP Join: बिहार की राजनीति में इन दिनों एक नाम चर्चा में है और वो नाम है रितु जयसवाल. कभी राष्ट्रीय जनता दल (आरजेडी) की मुखर और तेजतर्रार महिला नेताओं में गिनी जाने वाली रितु जयसवाल अब भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) में शामिल होने जा रही हैं। उनके इस फैसले से बिहार की राजनीति में नए समीकरणों की चर्चा तेज हो गई है. पटना में मीडिया से बात करते हुए रितु जयसवाल ने पुष्टि की है कि वह 26 मई को बीजेपी में शामिल होंगी. जनता के बीच राजद की नीतियों की पुरजोर वकालत करने वाली रितु का अचानक बीजेपी की ओर जाना विपक्षी खेमे के लिए बड़ा झटका माना जा रहा है.
कौन हैं रितु जयसवाल?
रितु जयसवाल का जन्म 1 मार्च 1977 को हाजीपुर, बिहार में हुआ था। राजनीति में सक्रिय होने से पहले उन्होंने सामाजिक कार्यों से अपनी अलग पहचान बनाई। सीतामढी जिले के सोनबरसा प्रखंड स्थित सिंहवाहिनी पंचायत की मुखिया के रूप में उन्होंने शिक्षा, स्वास्थ्य, स्वच्छता और महिला सशक्तिकरण के क्षेत्र में कई उल्लेखनीय कार्य किये. 2016 में मुखिया बनने के बाद उनके काम की चर्चा न सिर्फ राज्य बल्कि राष्ट्रीय स्तर तक पहुंची. उन्हें कई पुरस्कार भी मिले, जिसके बाद राजनीतिक पार्टियों ने उन पर ध्यान दिया.
राजद में प्रवेश और चुनावी यात्रा
राजनीतिक महत्वाकांक्षाओं के कारण रितु जयसवाल पहले जनता दल यूनाइटेड (जेडीयू) में शामिल हुईं, लेकिन बाद में राष्ट्रीय जनता दल में शामिल हो गईं। 2020 के बिहार विधानसभा चुनाव में राजद ने उन्हें परिहार विधानसभा सीट से अपना उम्मीदवार बनाया. हालांकि, वह बीजेपी उम्मीदवार गायत्री देवी से 1549 वोटों से चुनाव हार गईं. इसके बाद 2024 के लोकसभा चुनाव में राजद ने उन्हें शिवहर लोकसभा सीट से मैदान में उतारा, लेकिन वहां भी उन्हें हार का सामना करना पड़ा. इस चुनाव में वह लवली आनंद से करीब 29 हजार वोटों से पिछड़ गईं.
राजद से निष्कासन और नई राजनीतिक पारी
2025 के विधानसभा चुनाव में जब राजद ने उन्हें टिकट नहीं दिया तो उन्होंने निर्दलीय चुनाव लड़ने का फैसला किया. निर्दलीय उम्मीदवार के तौर पर उन्होंने करीब 65 हजार वोट हासिल कर अपनी राजनीतिक ताकत दिखाई और दूसरे स्थान पर रहीं. इस चुनाव में भी बीजेपी की गायत्री देवी विजयी रहीं जबकि राजद उम्मीदवार तीसरे स्थान पर पहुंच गये. इसके बाद राजद ने बागी रुख अपनाने के आरोप में रितु जयसवाल को पार्टी से निकाल दिया. अब उनके बीजेपी में शामिल होने को बिहार की राजनीति में बड़ा बदलाव माना जा रहा है.
Ritu Jaiswal BJP Join: वैश्य समुदाय पर बीजेपी का फोकस
रितु जयसवाल वैश्य समुदाय के कलवार (कलार) समुदाय से आती हैं, जिसे अन्य पिछड़ा वर्ग (ओबीसी) के रूप में वर्गीकृत किया गया है। बीजेपी पहले से ही वैश्य समुदाय के नेताओं को अहम जिम्मेदारियां देती रही है. पार्टी ने संजय जयसवाल, दिलीप जयसवाल और संजय सरावगी जैसे नेताओं को अहम पद दिया है. अब रितु जयसवाल की एंट्री को बीजेपी की सामाजिक समीकरण मजबूत करने की रणनीति के तौर पर देखा जा रहा है.
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